नारायणपुर (छत्तीसगढ़): अबूझमाड़ के घने जंगलों में सुरक्षाबलों ने देश के सबसे वांछित नक्सली नेताओं में से एक, बसवा राजू उर्फ नंबाला केशव राव को मार गिराया। पुलिस और DRG की संयुक्त कार्रवाई में कुल 27 नक्सली मारे गए हैं। इस ऑपरेशन को पिछले कई सालों की सबसे बड़ी सफलता माना जा रहा है।

बड़ी कैडर की मौजूदगी की थी सूचना

सूत्रों के मुताबिक, पुलिस को पुख्ता जानकारी मिली थी कि बसवा राजू अपने टॉप कमांडरों के साथ बोटेर के जंगलों में मौजूद है। इसके बाद नारायणपुर, दंतेवाड़ा, बीजापुर और कोंडागांव जिलों से जवानों को रवाना किया गया। ऑपरेशन के दौरान शुरू हुई मुठभेड़ में सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके को घेर लिया और भारी गोलीबारी के बाद 27 से अधिक नक्सलियों को ढेर कर दिया।

5 करोड़ की ताकत, डेढ़ करोड़ का इनाम

बसवा राजू की पहचान केवल एक टॉप माओवादी नेता के रूप में नहीं, बल्कि संगठन की रीढ़ के रूप में होती थी। उस पर केंद्र और राज्य सरकारों की ओर से कुल 1.5 करोड़ रुपये का इनाम घोषित था, जबकि सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक उसकी संगठन में रणनीतिक और आर्थिक हैसियत करीब 5 करोड़ रुपये की थी, जिसमें हथियारों की आपूर्ति, लेवी वसूली और नेटवर्किंग शामिल थी।

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B.Tech किया, फिर थामा बंदूक

नंबाला केशव राव ने NIT वारंगल से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की थी। लेकिन छात्र जीवन में ही वह वामपंथी विचारधारा से प्रभावित हुआ और जल्द ही संगठन से जुड़ गया। उसने श्रीलंका के विद्रोही संगठन LTTE से भी ट्रेनिंग ली थी। उसके पास संगठन को चलाने और हमलों की योजना बनाने में महारत थी।

कई बड़े हमलों का मास्टरमाइंड

  • 2010 दंतेवाड़ा हमला**: जिसमें 75 CRPF जवान शहीद हुए थे।
  • 2013 जीरम घाटी हमला**: कांग्रेस नेताओं को निशाना बनाया गया था।
  • दर्जनों हमले ओडिशा, आंध्र, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना में उसके नेतृत्व में हुए।

कौन था बसवा राजू?

  • असली नाम: नंबाला केशव राव
  • अन्य नाम: गगन्ना, प्रकाश, बीआर
  • उम्र: करीब 75 वर्ष
  • मूल निवासी: श्रीकाकुलम, आंध्र प्रदेश
  • संगठन में भूमिका: माओवादी पोलित ब्यूरो सदस्य, महासचिव, रणनीतिकार

ऑपरेशन अब भी जारी

सुरक्षा बलों ने इलाके में और शव, हथियार और दस्तावेज बरामद किए हैं। अधिकारियों का मानना है कि कुछ बड़े नक्सली नेता अब भी जंगल में छिपे हो सकते हैं। घायल नक्सलियों की तलाश और इलाके की पूरी तलाशी के लिए ऑपरेशन जारी रहेगा।

By Dhirendra Giri Goswami

धीरेंद्र गिरि गोस्वामी एक प्रसिद्ध पत्रकार हैं, जो छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से हैं। उनके पिता रमन गिरि गोस्वामी छत्तीसगढ़ में प्रथम श्रेणी के शासकीय अधिकारी रह चुके हैं। धीरेंद्र गिरि गोस्वामी ने पत्रकारिता के साथ-साथ वकालत की पढ़ाई भी की है। उन्होंने टीवी, डिजिटल, प्रिंट और रेडियो मीडिया में 15 वर्षों से अधिक अनुभव प्राप्त किया है। अपने करियर में उन्होंने वनइंडिया, खबर भारती, स्वराज एक्सप्रेस, बंसल न्यूज, ईटीवी, न्यूज वर्ल्ड और भारत समाचार जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में संवाददाता और सीनियर रिपोर्टर के रूप में काम किया है। धीरेंद्र ने दूरदर्शन (DD News) में रिपोर्टिंग और लाइव कवरेज किया है और आकाशवाणी (All India Radio) में युवाओं और बच्चों के कार्यक्रमों का सफलतापूर्वक संचालन एवं प्रस्तुति दी है। वर्तमान में वे खबरवीर वेबसाइट के संपादक हैं, जहाँ वे ताज़ा समाचार, गहन विश्लेषण और तथ्यात्मक रिपोर्टिंग प्रदान करते हैं। उनका मुख्य फोकस राजनीति, प्रशासनिक मामलों, सामाजिक मुद्दों और कानूनी विश्लेषण पर आधारित पत्रकारिता है। धीरेंद्र ने पत्रकारिता एवं जनसंचार में स्नातकोत्तर, वकालत (LLB) की पढ़ाई भी पूरी की है, जो उनके विश्लेषण में कानूनी दृष्टिकोण जोड़ती है। वे सामाजिक जागरूकता और समाजोपयोगी मुद्दों को उजागर करने के लिए सक्रिय रूप से लेखन करते हैं। विशेषज्ञता: राजनीति और प्रशासनिक रिपोर्टिंग, सामाजिक मुद्दों पर विश्लेषण, टीवी और डिजिटल पत्रकारिता, संपादकीय नेतृत्व, लाइव ब्रॉडकास्टिंग, युवाओं और बच्चों के कार्यक्रम प्रस्तुति।

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