रायपुर, 21 मार्च 2026: छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के सफल समापन पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सभी जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों के सामूहिक प्रयासों की सराहना करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया। इस अवसर पर मंत्रीगण एवं विधायकगण ने मुख्यमंत्री से उनके कार्यालय में भेंट कर उन्हें बधाई दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी के समन्वय और सहयोग से यह सत्र अत्यंत सार्थक एवं सफल रहा। उन्होंने विधानसभा को लोकतंत्र का पवित्र मंदिर बताते हुए कहा कि लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत बनाना ही इसका मूल दायित्व है।
उन्होंने जानकारी दी कि इस बजट सत्र के दौरान कुल 15 बैठकें आयोजित की गईं, जिसमें वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पारित किया गया तथा कई महत्वपूर्ण विधेयक भी सर्वसम्मति से पारित हुए।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस सत्र के दौरान लगभग 585 आत्मसमर्पित नक्सलियों ने विधानसभा की कार्यवाही का अवलोकन किया, जो एक प्रेरणादायक पहल है। इससे यह संदेश गया है कि सरकार भटके हुए युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए गंभीरता से कार्य कर रही है, जो राज्य की शांति, सुरक्षा और समृद्धि के लिए महत्वपूर्ण है।
इस सत्र में पारित प्रमुख विधेयकों में छत्तीसगढ़ धर्म स्वातंत्र्य विधेयक-2026, छत्तीसगढ़ नगर एवं ग्राम निवेश (संशोधन) विधेयक-2026, छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल (संशोधन) विधेयक-2026 शामिल हैं। इसके साथ ही भर्ती परीक्षाओं में नकल रोकने और छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल से संबंधित विधेयक भी पारित किए गए, जो युवाओं के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण कदम हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सदन में सदस्यों द्वारा विभिन्न जनहित के मुद्दों पर चर्चा की गई, जो लोकतंत्र की मजबूती का प्रतीक है।
उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करते हुए उनके उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु की प्रार्थना की। साथ ही नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत, संसदीय कार्य मंत्री केदार कश्यप, सभी मंत्रियों, विधायकों, सचिवालय के अधिकारियों-कर्मचारियों, सुरक्षा कर्मियों तथा मीडिया प्रतिनिधियों के योगदान के लिए आभार व्यक्त किया।
अंत में मुख्यमंत्री ने चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए राज्य में सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
