रायपुर, 06 सितंबर 2025:
छत्तीसगढ़ के पूर्व प्रांत प्रचारक श्रद्धेय शांताराम जी के निधन पर प्रदेशभर में शोक की लहर है। आज राजधानी रायपुर स्थित जागृति मंडल, पंडरी में उनके पार्थिव शरीर के दर्शन हेतु श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई, जहां मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पहुंचकर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री ने पुष्पचक्र अर्पित कर दिवंगत आत्मा को नमन किया।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि श्रद्धेय शांताराम जी संघ के वरिष्ठ प्रचारक थे और उनके साथ उनका गहरा आत्मीय संबंध रहा। उन्होंने कहा – “वे मेरे लिए सदैव एक अभिभावक के समान रहे। उनके स्नेह और मार्गदर्शन ने मेरे सार्वजनिक जीवन को दिशा दी। यह न केवल समाज और संघ परिवार के लिए, बल्कि मेरे लिए भी एक व्यक्तिगत क्षति है।” मुख्यमंत्री ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और सभी शुभचिंतकों को इस दुःख को सहने की शक्ति देने की प्रार्थना की।
पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह ने भी शांताराम जी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्हें “पिता तुल्य” बताया। उन्होंने कहा कि “मदकूदीप को पुनर्जीवित कर उन्होंने राष्ट्र निर्माण में बड़ा योगदान दिया। उनकी विनम्रता, तपस्वी जीवन और उच्च जीवन मूल्य सभी के लिए प्रेरणास्रोत रहे हैं।”
श्रद्धांजलि सभा में राज्य के कई वरिष्ठ नेता और गणमान्यजन उपस्थित रहे, जिनमें कैबिनेट मंत्री टंकराम वर्मा, गजेंद्र यादव, गुरु खुशवंत साहेब, पूर्व राज्यपाल रमेश बैस, राज्यसभा सांसद देवेंद्र प्रताप सिंह, सांसद संतोष पांडे, विधायक अनुज शर्मा एवं मोतीलाल साहू, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत छाबड़ा, बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा, कृषि कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष चंद्रहास चंद्राकर सहित बड़ी संख्या में स्वयंसेवक एवं आमजन मौजूद थे।
शांताराम जी का जीवन समाज सेवा, राष्ट्र समर्पण और संगठन निर्माण की अद्वितीय मिसाल रहा है। उनके निधन से छत्तीसगढ़ ने एक समर्पित मार्गदर्शक और युगपुरुष को खो दिया है।
