इंदौर मेट्रो की ऐतिहासिक शुरुआत, महिलाओं ने की पहली सवारी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया वर्चुअल लोकार्पण, 6 किलोमीटर का सफर 11 मिनट में पूरा
इंदौर | शनिवार, 31 मई
इंदौर शहर के लिए शनिवार का दिन ऐतिहासिक रहा जब मेट्रो रेल सेवा की शुरुआत की गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भोपाल से वर्चुअल माध्यम से इंदौर मेट्रो का लोकार्पण किया। यह शुभारंभ लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर की 300वीं जयंती के अवसर पर आयोजित महिला सशक्तिकरण महासम्मेलन के दौरान किया गया। इस खास दिन पर इंदौर मेट्रो की पहली सवारी महिलाओं के लिए समर्पित रही।
इंदौर मेट्रो की पहली ट्रेन दोपहर 12:09 बजे देवी अहिल्याबाई होल्कर टर्मिनल से रवाना हुई और 11 मिनट में 6 किलोमीटर का सफर तय कर वीरांगना झलकारी बाई स्टेशन पहुंची। दो मिनट के ठहराव के बाद ट्रेन वापस रवाना हुई और 12:34 बजे टर्मिनल पर लौटी। इस अवसर पर महिलाओं में उत्साह देखने लायक था। उन्होंने तिरंगे लहराते हुए ‘भारत माता की जय’ और ‘वंदे मातरम्’ के नारे लगाए। कई महिलाएं पारंपरिक परिधानों में मिट्टी के शिवलिंग लेकर मेट्रो यात्रा पर निकलीं।
मेट्रो रूट पर पड़ने वाले सभी स्टेशन देश की वीरांगनाओं के नाम पर रखे गए हैं, जिनमें महारानी लक्ष्मीबाई स्टेशन, रानी अवंतीबाई लोधी स्टेशन, रानी दुर्गावती स्टेशन और वीरांगना झलकारी बाई स्टेशन प्रमुख हैं। यह यलो लाइन सुपर प्रायोरिटी कॉरिडोर शहर के बढ़ते ट्रैफिक और प्रदूषण को कम करने में सहायक होगा।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शाम 6 बजे इंदौर पहुंचे और मेट्रो संचालन की समीक्षा की। मेट्रो सेवा के पहले सप्ताह में यात्रियों के लिए सफर पूरी तरह मुफ्त रखा गया है। इसके बाद दो स्टेशनों के बीच किराया ₹20 और दो से अधिक स्टेशनों का ₹30 निर्धारित किया गया है।
इंदौर मेट्रो टर्मिनल पर देवी अहिल्याबाई होल्कर की प्रतिमा स्थापित की गई है, जिससे यह टर्मिनल एक सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान भी प्राप्त कर रहा है।
इंदौर मेट्रो की यह शुरुआत न केवल एक यातायात सुविधा है, बल्कि शहर के सामाजिक और सांस्कृतिक विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी मानी जा रही है।