रायपुर | 19 मार्च 2026
छत्तीसगढ़ में अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के विकास को गति देने के लिए राज्य सरकार ने बड़ा निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में कल आयोजित राज्य पिछड़ा वर्ग सलाहकार परिषद की बैठक में प्रदेश में अलग से संचालनालय गठन, नए हॉस्टल भवन निर्माण और पिछड़ा वर्ग के समग्र विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई।
विधानसभा स्थित समिति कक्ष में आयोजित इस बैठक में मुख्यमंत्री श्री साय ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार पिछड़ा वर्ग समाज के शैक्षणिक, सामाजिक और आर्थिक विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अन्य पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यक समुदाय की बड़ी आबादी निवास करती है, जिनके सर्वांगीण विकास के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार इन वर्गों की सामाजिक और सांस्कृतिक विरासत का सम्मान करते हुए उन्हें विकास की मुख्यधारा में शामिल करने के लिए लगातार कार्य कर रही है। इसी उद्देश्य से पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग का गठन किया गया है, ताकि योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू किया जा सके।
बैठक में जानकारी दी गई कि राज्य में अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग और पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग का गठन किया जा चुका है। साथ ही विभिन्न समाजों के विकास के लिए लौहशिल्प विकास बोर्ड, रजककार विकास बोर्ड और तेलघानी विकास बोर्ड भी बनाए गए हैं।
शैक्षणिक विकास को बढ़ावा देने के लिए सरकार द्वारा छात्रावास, आश्रम और प्रयास आवासीय विद्यालयों की स्थापना की जा रही है। पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति को ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से सीधे विद्यार्थियों के खातों में ट्रांसफर किया जा रहा है, जिसके लिए 150 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
इसके अलावा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए आर्थिक सहायता योजना भी शुरू की गई है। इस योजना के तहत इंजीनियरिंग, मेडिकल, यूपीएससी, सीजीपीएससी, एसएससी, रेलवे और बैंकिंग परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि “मुख्यमंत्री शिक्षा सहयोग योजना” के तहत ऐसे विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता दी जाएगी, जिन्हें छात्रावास में प्रवेश नहीं मिल पाता। वर्तमान में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए 55 छात्रावास संचालित हैं, जबकि नए बजट में रायगढ़, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, धमतरी, रायपुर और जशपुर सहित 6 जिलों में नए पोस्ट मैट्रिक छात्रावास स्वीकृत किए गए हैं।
बैठक में उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव, मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल, श्री टंक राम वर्मा, श्रीमती लक्ष्मी रजवाड़े, श्री गजेंद्र यादव, श्री ओपी चौधरी सहित अन्य मंत्री, जनप्रतिनिधि और अधिकारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
